Bihar Teacher Seniority Clarification 2026: बिहार शिक्षक अन्तर वरीयता निर्धारण पर शिक्षा विभाग का नया स्पष्टीकरण


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बिहार सरकार के शिक्षा विभाग (माध्यमिक शिक्षा निदेशालय) द्वारा राज्य के सरकारी प्राथमिक, मध्य, माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों, विशिष्ट शिक्षकों और विद्यालय अध्यापकों के बीच अन्तर वरीयता (Inter-se Seniority) निर्धारण के संबंध में एक महत्वपूर्ण स्पष्टीकरण जारी किया गया है।

विभागीय आदेश ज्ञापांक-07/प्रे0-01-8/2025-714, दिनांक-12.02.2026 के द्वारा वरीयता निर्धारण के मापदंड तय किए गए थे। इसके बाद विभिन्न स्तरों से प्राप्त पृच्छाओं (Queries) के आलोक में विभाग ने संचिका संख्या-11/वि 11-14/2024-818, दिनांक 27-07-2026 के माध्यम से स्थिति स्पष्ट की है।

वरीयता निर्धारण पर मुख्य स्पष्टीकरण

विभाग ने मुख्य रूप से दो बिंदुओं पर विस्तृत स्पष्टीकरण दिया है:

1. योगदान तिथि बनाम ग्रेड-पे की तिथि से वरीयता का निर्धारण

पृच्छा: स्थानीय निकाय शिक्षकों को दिनांक 01.07.2015 के प्रभाव से अनुशंसित वेतनमान स्वीकृत किया गया था, जिसमें प्रशिक्षित शिक्षकों को शुरुआती दो वर्षों तक ग्रेड-पे देय नहीं था। ऐसे में वरीयता का निर्धारण ग्रेड-पे प्राप्त होने की तिथि से किया जाए या प्रशिक्षित शिक्षक के रूप में योगदान की तिथि से?

स्पष्टीकरण: यदि किसी स्थानीय निकाय शिक्षक की नियुक्ति दिनांक 01.07.2015 के बाद प्रशिक्षित शिक्षक के रूप में हुई है, तो उनकी वरीयता का निर्धारण उनके योगदान की तिथि से ही किया जाएगा। योगदान के बाद शुरुआती दो वर्षों में ग्रेड-पे देय नहीं होने के कारण उन्हें अप्रशिक्षित नहीं माना जा सकता है।

2. नियत वेतन (Fixed Salary) की अवधि में प्रशिक्षित वेतनमान की स्वीकृति तिथि

पृच्छा: स्थानीय निकाय शिक्षकों को दिनांक 01.07.2015 से पूर्व नियत वेतन मिलता था, जिसमें प्रशिक्षित और अप्रशिक्षित शिक्षकों के लिए नियत वेतन की दरें अलग-अलग थीं। क्या प्रशिक्षित शिक्षक के रूप में प्राप्त नियत वेतन की तिथि को ही प्रशिक्षित वेतनमान की स्वीकृति तिथि माना जाएगा?

स्पष्टीकरण: स्थानीय निकायों के तहत शिक्षकों का नियोजन वर्ष 2006 से शुरू हुआ था और उन्हें 30.06.2015 तक नियत वेतन ही दिया जाता था, जिसे 01.07.2015 से अनुशंसित वेतनमान में परिवर्तित कर दिया गया। इसलिए, प्रशिक्षित शिक्षकों को जो नियत वेतन देय था, उसकी स्वीकृति तिथि को ही प्रशिक्षित वेतनमान या प्रशिक्षित नियत वेतन की स्वीकृति तिथि माना जाएगा।

विभागीय आदेश की अन्य शर्तें यथावत रहेंगी

माध्यमिक शिक्षा निदेशक द्वारा जारी इस आदेश में स्पष्ट किया गया है कि उपर्युक्त दिशा-निर्देशों के अतिरिक्त विभागीय आदेश ज्ञापांक-714, दिनांक-12.02.2026 में निहित अन्य सभी प्रावधान यथावत रहेंगे।

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